श्री दिगंबर जैन अयोध्या तीर्थ क्षेत्र कमेटी, अयोध्या
दर्शन/बुकिंग सहायता: +91-8005191351
अयोध्या जैन तीर्थ लोगो

इक अवध की कन्या ने, मोहिनी की मैना ने, माँ ज्ञानमती बनकर

ऑडियो: उपलब्ध नहीं

पूरा लिरिक्स

भजन -
 
तर्ज-नगरी हो अयोध्या सी.......
 
इक अवध की कन्या ने, मोहिनी की मैना ने, माँ ज्ञानमती बनकर
इतिहास रचाया है।।1
 
है ग्राम टिकैतनगर, पितु छोटेलाल के घर, देवी सा जनम लेकर,
इतिहास बनाया है।।2।।
 
बीसवीं सदी की प्रथम, ये बालयोगिनी बन, ब्राह्मी गणिनी माँ सम,
शिवपथ अपनाया है।।3।।
 
माँ-पुत्री हों ऐसी, मोहिनी-मैना जैसी, दोनों ने दीक्षा ले,
निजवचन निभाया है।।4।।
 
गुरु वीरसागर जी से, आर्यिका की दीक्षा ले, माँ ज्ञानमती बनकर,
गणिनी पद पाया है। ।5।।
 
ये विश्व विभूती हैं, जिनशासन कीर्ति हैं, चन्दनामती जग ने,
इन्हें शीश झुकाया है। ।6।।